खबर हेमंत तिवारी
पाण्डुका /समीप ग्राम पंचायत रजन कटा में पिछले वर्ष 2022 अगस्त सितंबर माह में जिस प्रकार सरगी नदी में उफान आया था पूरा गांव हिल गया था । और गांव के अंदर काफी दूर तक पानी घुस गया था ।जिसमे पंचायत भवन लगभग 10 फीट तक बाढ़ के पानी से डूब गया था । और इस। बाढ़ से बहुत से लोग प्रभावित हुए थे । जिसमे ग्राम के लगभग 25 घर को नुकसान पहुंचा था उसमें से एक मकान गंगा दास मानिकपुरी का था ।गंगा दास मानिकपुरी बताए कि कच्चे मकान में जब पानी घुसा तो पूरा घर में फल पुथल मच गया और घर के सामान भी मकान गिर तो दब गया था जिसमे बाड़ी से लगे दो कमरे गिरे थे । गरीब परिस्थिति होने के कारण कम संसाधन में जीवन यापन करने वाले हम लोगो के लिए एक मकान बना पाना किसी सपने की तरह है । परिवार में हम लोग पत्नी सहित एक बेटी चेतना और बेटा तरुण कुल मिलाकर 4 परिवार रहते हैं। कच्चा मकान ढह जाने से बहुत ही मुसीबतों का सामना करना पढ़ रहा है किसी प्रकार का शासन प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से कोई सहयोग नहीं मिला है गंगादास ने बताया कि यह घटना के मेरे जीवन काल में और गांव के जितने बड़े बुजुर्ग हैं ।उनसे सुनने को।मिला कि आज तक का रिकॉर्ड है की यहा पहली बार है कि सरगी नदी में इतना बाढ़ आया था और लगभग आधे बस्ती से ज्यादा में पानी घुस गया था जिस से बहुत लोग प्रभावित हुए थे उसमें से मेरा घर तो टूट गया था जिसका भुगतना भोग रहा हु। क्षेत्र के जनप्रतिनिधि मेरे घर देखने के लिए जरूर उनके आने से किसी प्रकार का कोई फायदा नहीं मिला साथ ही राजस्व विभाग के पटवारी और ग्राम पंचायत के सचिव निरीक्षण करने आए थे साल भर होने को आ रहे अब तक कोई मुआवजा नहीं मिला जबकि हम लोग कलेक्टर गरियाबंद तहसील छुरा में जाकर जानकारी।दिय थे। उसके बाद से आज तक कोई या किसी प्रकार का जानकारी नहीं मिला हैं । ग्राम पंचायत से कोई सहयोग मिला है घर कच्ची होने और गिर जाने की वजह से 4 परिवार के गुजर-बसर के लिए बहुत मुसीबतों का सामना करना पड़ता है गरीब परिस्थिति होने की वजह से जैसे-तैसे जिंदगी काट रहे समय पर मुआवजा मिल जाता या फिर मकान बनाने के लिए किसी प्रकार का आवास या फिर आर्थिक सहायता मिल जाता तो बहुत सुविधा होती मेरी तरह कई और लोग हैं जिनको बाढ़ के पानी से नुकसान हुआ था पर धीरे-धीरे लगता है कि अब मुआवजा नहीं मिलेगा इतने दिन में जांच के बाद अब तक कोई शोर संदेश प्रशासन की ओर से नहीं मिला है ।तो आगे संभावना भी नजर नही आती है।
