- मृत्युभोज में मीठा पूर्ण रूप से प्रतिबंध,समाज मे राजनीति की भूमिका,धर्मांतरण,लिव इन रिलेशन सहित अन्य विषयों पर हुआ चर्चा
पाटन। तहसील साहू संघ पाटन द्वारा शनिवार को आमसभा, सामाजिक सम्मान समारोह,कृष्ण कर्मा मंदिर स्थापना दिवस एवं नव निर्मित अतिरिक्त कमरा का लोकार्पण समारोह का आयोजन किया गया है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला साहू संघ दुर्ग अध्यक्ष नंदलाल साहू, अध्यक्षता तहसील अध्यक्ष दिनेश साहू,विशिष्ठ अतिथि पूर्व अध्यक्ष एवं प्रदेश उपाध्यक्ष खिलावन साहू, विशेष अतिथि पूर्व अध्यक्ष प्रेमलाल साहू, पूर्व अध्यक्ष एवं जिला प्रतिनिधि गंगादीन साहू,पूर्व अध्यक्ष एवं प्रदेश प्रतिनिधि अश्वनी साहू थे। इस मौके पर विगत 20 वर्षों से सामुहिक आदर्श विवाह का आयोजन करने वाले सभी इकाई का समाज द्वारा प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत कृष्ण-कर्मा मंदिर में पूजा अर्चना के साथ हुआ। इस मौके पर लोककला मंच छेरछेरा द्वारा भजन की प्रस्तुति दी गई। आमसभा में कोषाध्यक्ष देवनारायण साहू द्वारा आय व्यय की जानकारी दी गई। तत्पश्चात महासचिव खेमलाल साहू ने तहसील साहू संघ पाटन द्वारा 21 बिंदुओं का सामाजिक अध्यादेश का वाचन किया। जिसमें सभी परिक्षेत्रीय अध्यक्ष एवं अन्य आजीवन सदस्यों ने इस पर अपनी राय दी। जिसके बाद सभी 21 बिंदुओं पर सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया। जिसमे समाज मे आधुनिकता के नाम पर फैल रहे लीव इन रिलेशनशिप, प्री वैर्डींग जैसे नई-नई बुराईयों से समाज के होनहार को बचाने के लिए समाज मे जागरूकता।
राजनीति में समाज की भूमिका स्थानीय, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर समाज की जनसंख्या अनुपात मे संख्या निर्धारन होना चाहिए । उसके लिए उच्च सदन के पदाधिकारियों द्वारा सतत प्रयास जारी रखा जाय । समाज के अंदर राजनीति न हो इस बात की हमेशा चिंता करे । समाज का व्यक्ति राजनीतिक क्षेत्र प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर अग्रसर हो रहे है तो उस स्थिति में समाज के द्वारा सहयोग प्रदान किया जाए ।
तहसील साहू संघ पाटन के प्रत्येक स्थानीय साहू समाज के सदस्यो के लिए दिशानिर्देश जारी किया गया कि मृत्युभोज में सादा भोजन के लिये विगत 8 वर्षों से निवेदन किया जाता रहा है । जिसे अधिकतर स्थानीय साहू समाज के सदस्यो ने स्वीकार कर लिया है । किन्तु कुछ स्थानीय साहू समाज मे विषयांतर की स्थिति निर्मित हो जाती है जिसे उदाहरण स्वरूप समाज में सामाजिक पदाधिकारियों के संज्ञान मे लाया जाता है। उक्त विषयांतर के स्थिति को दूर करते हुये एवं तहसील साहू संघ पाटन में सामाजिक एकता के परिपालन हेतु मृत्युभोज में कलेवा को पूर्ण रुपेण बंद किए जाने का निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया । उक्त नियम के विरुद्ध कार्य करते पाये जाने की स्थिति में सामाजिक सहयोग राशि बीस हजार रूपिये 20,000/- या समाज की सदस्यता समाप्त किया जाएगा।
धर्मांतरित परिवार की सूची बनाकर तहसील साहू संघ पाटन को प्रेषित करे । धर्मातरण से जुड़े परिवार को प्राथमिक स्तर पर समझाइस दिया जाय व आवश्यकता पड़ने पर समाज की मुख्यधारा से पृथक कर उच्च सदन को कार्यवाही हेतु अग्रेसित किया जाय ।
अतिथियों ने अपने उदबोधन में कहा समाज के नवनिर्माण में सभी का भागीदारी हो। विवाह आदि के नेंग में कपड़ा देने की पर रोक हो। सामाजिक पदाधिकारियों में आपसी संवाद हो। साहू समाज के नियमावली का अन्य समाज भी पालन करते है। साहू समाज को अन्य समाज बड़े भाई के रूप देखते है। समाज द्वारा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने सिलाई,कड़ाई,ब्यूटी पार्लर कोर्स एवं अन्य प्रशिक्षण निशुल्क दिया जा रहा है। छात्र-छात्राओं को विभिन्न प्रतियोगी परीक्षा के लिये निशुल्क कोचिंग की व्यवस्था किया गया है।
मौके पर प्रमुख रूप से जिला उपाध्यक्ष दिव्या कलिहारी,कार्यकारी अध्यक्ष लालेश्वर साहू, धनराज साहू, चैनसिंह साहू,गरीब दास साहू,गुलाब साहू, पूरण साहू,सरिता साहू, किशन हिरवानी,जिला पंचायत उपाध्यक्ष अशोक साहू,मोनू साहू, चन्द्रिका साहू, किशोर साहू, डॉ सुरेश साहू,मोहन साहू,दिनेश साहू, रूपचंद साहू, विमला साहू,गायत्री साहू,भूमिका गंजीर,कमलेश्वरी साहू,गोपेश साहू,बलराम साहू,टीका राम साहू,हरिशंकर साहू,टेस राम साहू,रविशंकर साहू,दुलेश्वर साहू,कल्याण साहू,बेनीराम साहू,पारखत साहू,सोहन साहू,उषा साहू,गजेंद्र साहू,चांदनी साहू,सरजू साहू,धात्री साहू, सहित अन्य उपस्थित थे।
