खबर हेमंत तिवारी पाण्डुका-इन दिनों पाण्डुका में निस्तारी के लिए नहर में पानी छोड़ा गया जिससे तालाब भर सके और लोगो की नहाने के लिए और मवेशियों सहित जीव जंतु को पानी पीने सुविधा हो ।। पर पानी के महत्व कितना है इसका आकलन शायद नहरो में मृत मछली छोड़ने वाले नही समझ पा रहे जो इतना बड़ा घिनौना कार्य किए है । साथ ही कुछ लोगो चोरी छिपे पानी चोरी करने से बाज नही रहे जो इन दिनों पाण्डुका क्षेत्र में रबी की फ़सल ट्यूबवेल से लगाये हुए है । लेकिन बहुत लोग एसे भी है जो जरूरत से ज्यादा पानी देकर पैसा कमाने के लालच में ट्यूबवेल से पानी देने की बात पर रबी लगाय है और अब जब की ट्यूब वेल दम तोड रहा है । तो नहरो की पानी चोरी और बिजली भी चोरी करने में लगे है जिस पर अंकुश लगाने में जिम्मेदार सिंचाई विभाग ,बिजली विभाग ध्यान नहीं दे रहा है । तो वही दूसरी ओर मछली पालन करने वाले किसी अज्ञात व्यक्ति ने मरे हुए लगभग 1क्वीनटल से भी ज्यादा मछली को जमीन में डिस्पोज करने के बजाय नहर के पानी में छोड़ दिया जो सरकड़ा ,कोपरा,कुरुद जाने वाले मार्ग के पास गेट में रुक गया है और इस कारण आने जाने राहगीर सहित आसपास के ग्रामीण बदबू से काफी परेशान हो रहे है।ज्ञात हो इन दिनों कृषि कार्य चल रहा है तो किसान खेतो कृषि कार्य कर रहे है तो स्कूलों में अब परीक्षा खत्म हो गया ऐसे में स्कूली बच्चो की भीड़ नहरों में नहाने के लिए लग रहती है । जो मृत मछली की बदबू से परेशान हो रहे है ।
नहरो में छोड़ दिया मरी मछली,,,, बदबू से राहगीर एवं ग्रामीण परेशान।
