खबर हेमंत तिवारी____ पांडुका छत्तीसगढ़ प्रदेश शिक्षक फैडरेशन जिला गरियाबंद के अध्यक्ष एम एल तारक ने शिक्षा विभाग के लचर व्यवस्था से असंतोष व्यक्त करते हुए बताया कि आज सत्र समाप्ति का समय आ गया है अप्रैल माह शुरू हो गया है लेकिन अभी तक शिक्षा विभाग के द्वारा प्रातः कालीन शाला एवं परीक्षा के संबंध में किसी भी प्रकार का निर्देश जारी नहीं किया गया है,जिससे शिक्षकों में असमंजस की स्थिति है । विभिन्न जिलों के द्वारा प्रातः कालीन शाला के संबंध में आदेश जारी किया जा रहा है परंतु गरियाबंद जिला के जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा अभी तक कोई आदेश निर्देश जारी नहीं किया गया है ।बहुत से शालाओं में 2018 के आदेश का हवाला देकर सोमवार से प्रातः कालीन शाला लगाने की बात सुनाई दे रही है , विदित हो कि परीक्षा के संबंध में पूर्व में एक आदेश जारी हुआ था ,जिसमें हाई स्कूल की लोकल कक्षाओं की परीक्षाएं संपन्न होने के बाद निर्देश जारी करने की बात कही गई थी ,लेकिन अभी तक कोई निर्देश जारी नहीं हुआ है ।इसके साथ यह भी जानकारी प्राप्त हुई है कि छुरा विकासखंड के 40% स्कूलों में प्रगति पत्र का वितरण आज पर्यंत नहीं हुआ है, जबकि इस रिपोर्ट कार्ड में प्रतिमाह मासिक आकलन दर्ज कर पालकों से हस्ताक्षर लेकर उनका फीडबैक लिया जाना था। इस प्रकार शिक्षा विभाग की कार्यवाही पूरी शिक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिन्ह लगाते हैं । फेडरेशन ने प्रातः कालीन शाला एवं परीक्षा के संबंध में तथा प्रगति पत्र शालाओं को शीघ्र उपलब्ध कराने हेतु मांग की है ।मांग करने वालों में प्रमुख रूप से पूर्व जिला अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह ठाकुर, जिला सचिव डोरेस कुमार मेहरा ,कोषाध्यक्ष सोहन सेन ,वरिष्ठ साथी खेमलाल यादव ,सुरेश शर्मा ,परसराम यादव, विनोद वर्मा ,हरीश कुमार तारक , निर्मला शर्मा, अर्चना शर्मा ,तारिणी शर्मा आदि है।
प्रातः कालीन शाला एवं परीक्षा को लेकर शिक्षकों में असमंजस की स्थिति =फेडरेशन
