टिकेंद्र वर्मा…
रानितराई. कोरोना वायरस काल मे लगाए लॉकडाउन अवधि ने आमजन की दिनचर्या के साथ-साथ उसके विचारों पर भी गहरा प्रभाव डाला है। महामारी के इस प्रकोप के बीच लोग चली आ रही कई सालों पुरानी परंपराओं को भी बदल दिया है।शादी समारोह में इसका सबसे बड़ा प्रभाव देखने को मिल रहा है।ग्रामीण क्षेत्रो में भी इसका प्रभाव देखने को मिल रहा है।
बड़े से लेकर छोटे स्तर तक हर व्यक्ति अब इन शुभ कार्य में फिजूल खर्च से बचता दिखाई दे रहा है, जो समाज की एक अच्छी सोच और एक नई परंपरा को जन्म देने का संकेत दे रहा है।ऐसा ही एक उदाहरण गुरुवार को रानीतराई क्षेत्र के ग्राम निपानी में देखने को मिला, जिससे समाज में एक अच्छा संदेश गया है।खूबी राम साहू ने अपने बेटे लवकुश का शादी अधिकारियों से परिमिशन लेकर नियम का पालन करते हुये अपने परिवार के साथ ही कम लोगो के साथ पास के ही ग्राम सुरपा बारात लेकर पहुँचा ।जंहा वर वधु मास्क लगाकर मंडप में बैठे व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते फेरे भी लिए।खूबी राम साहू ने कंहा की लोगो को आडम्बर व फिजूल खर्च नही करना चाहिए।गरीब व मध्यवर्ग के लोगो को अपनी सोच बदली चाहिए और इस लॉकडाउन में कम खर्च के साथ अपने बेटे बेटियों की शादी कर आर्शीर्वाद प्रदान करना चाहिए।पैसे के साथ समय की भी बचत होगी।
घर के लोग ही बने बाराती व फोटोग्राफर —
घर के लोग ही इस शादी में बराती बन पाए व घर के बच्चे फोटोग्राफर बने दिखाई दिए।बच्चे फ़ोटो अपने मोबाइल में खींच कर फोटोग्राफी की कमी को पूरा किये तो कई लोग सेल्फी लेकर ही फ़ोटो उतारते नजर आए।
