रोशन अवस्थी@देवभोग। कहते हैं पुजारी भगवान का प्रधान सेवक होता है। और लोगों के आस्था का प्रतीक होता है। लेकिन वही पुजारी अगर लोगों के भावनाओं के साथ खेले तो पुजारी का इस दुनिया में कोई अस्तित्व ही नहीं।
ग्राम झ्ररगांव के शनि मंदिर के पूर्व पुजारी अशोक दास ने धार्मिक भावनाओं को आघात पहुंचाने के कारण उन्हें न्यायिक रिमांड में लेकर जेल भेज दिया गया। पूर्व शनि देव मंदिर के पुजारी को उनकी इस गलती की वजह से देवभोग पुलिस ने गिरफ्तार कर उनके खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कर जांच प्रकरण में लिया गया। पुलिस अधीक्षक श्री जे आर ठाकुर के दिशा निर्देशन व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री चंद्रेश ठाकुर के मार्गदर्शन पर पूर्व पुजारी के खिलाफ आईपीसी धारा 505(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच प्रकरण में लेकर दिनांक 16 तीन 2022 को गिरफ्तार कर न्यायिक न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया।
पंजीबद्ध प्रकरण में थाना प्रभारी बसंत बघेल ने बताया कि प्रार्थी हेमचंद नागेश ने थाना आकर लिखित शिकायत पेश किया कि 14 मार्च के सुबह करीब 5:00 बजे उसके मोबाइल पर उसके गांव के शनि मंदिर के पुजारी अशोक दास ने स्वयं का बनाया हुआ वीडियो व्हाट्सएप के माध्यम से भेजा। उसमें अशोक दास ने शनि मंदिर में कार्य करने वाले पुजारी व सदस्यों के साथ अश्लील गाली गलौज किया था ।साथ ही मंदिर में आने जाने वाले श्रद्धालुओं को भी भड़काने का काम भी कर रहा था। मामले में थाना प्रभारी ने अपराध पंजीबद्ध कर मामले की जानकारी उच्च अधिकारी को अवगत कराने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड में जेल भेज दिया गया।
देवभोग थाना प्रभारी बसंत बघेल ने क्षेत्र के आम नागरिकों से विशेष रूप से अपील करते हुए कहा कि सोशल प्लेटफॉर्म जैसे फेसबुक, व्हाट्सएप, इंस्टाग्राम, टि्वटर या अन्य सोशल मीडिया के माध्यम से ऐसे वीडियो जो किसी के भावनाओं को आहत न पहुंचे इस प्रकार का वीडियो जारी ना करें। जिससे क्षेत्र के लोगों का समस्या का कारण बन सके।
