- मुख्यमंत्री के क्षेत्र में यह पांचवा मामला,अपराधियों के हौसले बुलंद
- नशाखोरी ही कांडों के लिए जिम्मेदार,सरकार तुरन्त करे शराब बंदी
- फ़ास्ट्रेक कोर्ट में मामला चलाकर 3 माह में फैसला व दोषी को फांसी सहिंत पीड़ित परिवार को 5 लाख की तत्काल आर्थिक सहायता दी जाय
भिलाई। मुख्यमंत्री के विधानसभा पाटन के एक गाँव में 9 वर्षीय सतनामी समाज की बच्ची का अपहरण व दुष्कर्म मामला प्रदेश सरकार के मुह पर एक बदनुमा दाग है। युवाओं में बढ़ते नशे और शराबखोरी के चलते ही अपराधियों के हौसले बुलंद है । अपराधियों के मन में पुलिस का भी भय नही होना अनेक संदेहों को जन्म देता है ।मुख्य मंत्री के निर्वाचन क्षेत्र का मामला होने के कारण यह सरकार के लिए भी प्रश्नचिन्ह लेकर आया है कि जब मुख्यमंत्री का छेत्र सुरक्षित नही तो प्रदेश की जनता सुरक्षित कैसे हो सकती है। उक्त बातें जनता काँग्रेस छत्तीसगढ़ जे के दुर्ग जिला ग्रामीण अध्यक्ष सतीश पारख ने कही। उन्होंने कहा कि ढाई वर्ष में मुख्यमंत्री के छेत्र में यह पांचवा मामला है ।खुड़मुडा हत्या कांड-मर्रा नाबालिग बलात्कार व गर्भपात कांड-बठेना हत्या व आत्महत्या कांड- गुजरा मटिया चाकूबाजी कांड-अब एक और गांव मेंं बच्ची के साथ दुष्कर्म कांड,आखिर प्रदेश किस दिशा में जा रहा है क्या यूँ ही हम गढ़ेंगे नवा छत्तीसगढ़ आखिर अपराधियों के हौसले बुलंद क्यों है पुलिस का उनके मन में भय क्यों नही यह सभी विषय सोचनीय व सुधार करने योग्य है जिस पर ध्यान दिया जाना आवश्यक है।
सतीश पारख ने कहा कि सरकार को चाहिए कि अब भी वक्त है तत्काल शराब बंदी करे तथा पुलिस प्रशासन की छवि एक ईमानदार छवि बनाये ताकि आमजन के मन मे उनके प्रति सम्मान व अपराधियों के मन मे भय हो।
सतीश पारख ने सावनी दुष्कर्म मामले को फास्टट्रैक कोर्ट में 3 माह में सुनवाई पूर्ण कर गिरफ्तार दोषी अपराधी को फांसी व पीड़ित परिवार को पांच लाख की तत्काल आर्थिक सहायता देने की मांग सरकार से की है।
