सात गांव के किसानों ने एक स्वर में कहा नहीं उठाएंगे खाद,,,,
,,खबर हेमंत तिवारी,,,,,,,✍️✍️
पाण्डुका/पूरे प्रदेश में इन दिनों किसानों की खाद की मात्रा में कटौती किए जाने पर लेकर किसानों में काफी आक्रोश देखने को मिल रहा है जिस हिसाब से किसानों को पर्याप्त मात्रा में सहकारी समितियां से पर्याप्त खाद दिया जाना चाहिए। उस हिसाब से खाद वितरण नहीं किया जा रहा है खाद की इस कटौती को देखकर जिले के कई सहकारी समिति में किसानों का गुस्सा फूट रहा है।और ऐसा ही पाण्डुका अंचल के किसानों में भी देखने को मिला ।पोंड सहकारी समिति में एक दिवसीय प्रदर्शन किया गया और कृषि उपसंचालक गरियाबंद के नाम ज्ञापन सौंपा गया ,

वहीं किसानों ने सरकार को साफ संदेश दिया है कि आने वाले दिनों में अगर खाद की कटौती की गई और जितनी मात्रा में हमें पूर्व में दिया जाता था उसे हिसाब से खाद नहीं दिया जाएगा तो आने वाले दिनों में चक्का जाम करेंगे एवं धरने पर बैठेंगे इसी के तहत पांडुका अंचल के लगभग 200 किसानों ने पोंड सहकारी समिति के भवन में पहुंचकर प्रदर्शन किया और ज्ञापन दिए मौके पर अंचल के कांग्रेसी नेताओं सहित भारी संख्या में किसान डटे रहे

साथ ही जिला प्रशासन के अधिकारी कर्मचारी किसानों के इस धरना प्रदर्शन के बीच पहुंचे और किसानों की बात सुने,किसानों ने पूर्व की तरह 3 प्रति एकड़ 3 बोरी यूरिया,3 बोरी डी ए पी,2 बोरी सुपर फास्फेट,1 बोरी पोटाश देने की मांग किया,जबकि अभी किसानों को 25 किलो डीपी,1 बोरी यूरिया दिया जा रहा है।इसे से नाराज अंचल के सैकड़ों किसानों ने पोंड सहकारी समिति भवन का घेराव किया।
