- भव्य शोभा यात्रा और प्रथम दिवस में प्रभु प्रेम का संदेश
पाटन। श्री कथा ज्ञान यज्ञ के शुभारंभ के अवसर पर नगर में भव्य शोभा यात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में कलश यात्रा, विशाल रथ पर विराजमान जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेंद्राचार्य की प्रतिमा एवं सिद्ध पादुकाएं मुख्य आकर्षण रहे। मोहला-मानपुर के भक्तों ने सुआ नृत्य तथा भिलाई, दुर्ग, धमतरी व रायपुर से आई महिला शिष्याओं ने लेझिम नृत्य प्रस्तुत किया। भगवा ध्वजा धारी और बड़ी संख्या में भक्त शामिल रहे।

शोभायात्रा का प्रारंभ दोपहर 12 बजे श्री महामाया मंदिर से हुआ, जो कृषि उपज मंडी स्थित कथा स्थल तक पहुँची। तत्पश्चात जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी की प्रतिमा एवं सिद्ध पादुकाओं का यजमान श्री मोहन देवांगन व श्रीमती मीरा देवांगन द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजन-अर्चन किया गया।
कथा के प्रथम दिन कृपा प्राप्त शिष्य रोहित मोडे ने व्यासपीठ से प्रवचन देते हुए कहा कि — “प्रभु को पाने का मार्ग केवल प्रेम है। कृपा तभी मिलती है जब साधक ईश्वर से सच्चा प्रेम करे। यह ज्ञान सदगुरु की कृपा से ही संभव है। संत मीरा बाई, कबीर साहब, तुकाराम, गुरु नानक सभी ने प्रभु से प्रेम कर ईश्वर को प्राप्त किया।”
कार्यक्रम में प्रदेश मंत्री जितेंद्र वर्मा,भाजपा जिला उपाध्यक्ष दिलीप साहू,नगर पंचायत अध्यक्ष योगेश निक्की भाले, उपाध्यक्ष निशा योगेश सोनी, पार्षद व अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिकों सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
इस अवसर पर रायपुर, दुर्ग, भिलाई, धमतरी व बालोद से आए शिष्यों ने कथा श्रवण किया। आयोजन में छत्तीसगढ़ पीठ प्रमुख घनश्याम माहेश्वरी, व्यवस्थापक सुधीर पवार, निरीक्षक सचिन तोड़कर (धमतरी), देवेंद्र दलाल (दुर्ग), जिलाध्यक्ष राजकुमार पवार सहित सेवा धारी शिष्य सक्रिय रहे।
