खबर हेमंत तिवारी
राजिम/जब लोग दुखी होते हैं तो भगवान की शरण में जाते हैं और भगवान सब के दुख को हरते हैं। और उनकी समस्या का निवारण करते है। पर अगर भगवान ही सुरक्षित ना हो तो अब इंसान किसके पास जाए ऐसा ही कुछ इन दिनों जिले के एक ग्राम में देखने का मिल रहा है। भगवान राजीव लोचन के नगरी से कुछ किलो मीटर दूर में घटित यह घटना देवों के देव महादेव मंदिर की है।जो सुरक्षित नहीं दिख रहा ।जिस तरह बीते कुछ सालों में गांव गांव शिव भक्तों की संख्या में वृद्धि हुई है।और भगवान शिव के मंदिर में पूजा पाठ करने श्रदालुओ का ताता लगा रहता है ।खासकर महिलाओं में शिव भक्ति को लेकर बहुत ही आस्था,विश्वास जुड़ा हुआ है।और देवो के देव महादेव का सभी देवी देवता में अधिक पूजा पाठ होता है। जिस कारण देवो में सर्वश्रेष्ठ और ऊंचा स्थान है पर कुछ दिन पहले राजिम विधानसभा के ग्राम दूतकैया के शिव मंदिर में आसामाजिक तत्वों द्वारा तोड़फोड़ करते हुए शराब की बोतले तोड़ी गई है और मंदिर को जिस तरह नुकसान पहुंचाया गया इस शिव भक्तों को गहरा ठेस पहुंचा है। पर आरोपी आज भी खुलेआम घूम रहे हैं।और इसको लेकर हिंदू संगठनों ने सड़क चक्का जाम कर।विरोध किया है और पुलिस प्रशासन को एक निश्चित समय का अल्टीमेटम भी दिया गया है।पर जिस तरह विष्णु के राज में शिव सुरक्षित नहीं है।इसको लेकर लगातार विरोध और आम आदमी में आक्रोश बढ़ रहा है बता दे कि बीते 5 दिन पहले जिस प्रकार आसामाजिक तत्वों ने मंदिर में जमकर उत्पात मचाया है।उससे हिंदुओ की आस्था को गहरा ठेस पहुंचा है। पर 5 दिन होने के बाद भी आरोपी सलाखों के पीछे नहीं है।तो गांव गांव में विराज मान विभिन्न देवी देवताओं की मूर्तियां और मंदिरों सुरक्षा को लेकर अब जिले में सवाल उठने लगा है । समय रहते अगर इसका विचार नहीं किया गया तो आने वाले समय क्या घटना गंभीर और बड़ा रूप ले सकता है जिला प्रशासन और राज्य सरकार को चाहिए की समय रहते आरोपियों की धर पकड़ कर उसको उनके किए की सजा मिले जिससे आने वाले समय में ऐसे आसामाजिक तत्वों को हिंदुओ की आस्था के साथ खिलवाड़ करने के बारे में सोचने को मजबूर हो जाए।बल्कि अब योगी मॉडल की मांग होने लगी है जब तक ऐसे राक्षसों का बड़ा इलाज नहीं होगा तब हिंदुओं के मंदिर को टारगेट करते रहेंगे। इसीलिए छत्तीसगढ़ में भी।अब योगी मॉडल की जरूरत है । तभी इनका कमर टूटेगा और मंदिरों को निशाना बनाने में 100 बार सोचेगा।
