खबर- लीना ध्रुव
मैनपुर- ब्लॉक मुख्यालय से 3 किलोमीटर दूर भाठीगढ़ पंचायत पर बने आदिवासी बालक आश्रम शाला बड़े गोबरा के नाम से बनी ये आश्रम स्कूल में शिक्षक न होने से बच्चो को पढ़ाई में काफी प्रभावित हो रहा हैं। जिससे आश्रम के बच्चों को पढ़ाई में दिक्कते झेलनी पड़ रही है। जिससे उनका पढ़ाई में काफी ज्यादा नुकसान हो रहा है। इस आश्रम में कक्षा पहली से लेकर आठवी तक की पढ़ाई होती है। जिसमे शाला अधीक्षक और 1 शिक्षक और 1 शिक्षिका है, जो इस आश्रम के बच्चो को पढ़ा रहे है। मिडिल क्लास के बच्चो को शिवकुमार कुटारे 6वी से लेकर 8 वी तक अकेला पढ़ते है। और प्राथमिक की बच्चो को पहली से लेकर पांचवी तक श्रीमती ईश्वरी बांबोडे सम्हाल रही है। इस आश्रम में कुल 112 बच्चे है, जिनको 2 शिक्षक ही पढ़ा रहे है । बाकी मिडिल स्कूल के बच्चो के सभी विषयों के लिए शिक्षक की आवश्कता है। आदिवासी बालक आश्रम शाला अधीक्षक देव नेगी कहना है कि शिक्षक के लिए कई बार मांग किया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई शासन द्वारा कोई कार्यवाही नही हुआ है।और न ही अभी तक कोई आदेश जारी किया गया है। उनका कहना है की आश्रम की व्यवस्था सब बढ़िया है, लगातार शिक्षक की मांग कर रहे है।
