सेलूद। नवरात्र के अंतिम दिन गुरुवार को सेलूद सहित अंचल के गांवों में जोत जंवारा का विसर्जन किया गया। सेलूद के शीतला मंदिर से पारंपरिक सेवा जसगीत के साथ विसर्जन यात्रा निकाली गई एवं भक्तों ने माता के आस्था के प्रतीक जोत जवारा को ढोल मांदर की थाप एवं जस गीत के माध्यम से झूमते गाते अंतिम विदाई दी।
नवरात्री का समापन:जस गीत की गूंज, जोत जंवारा का हुआ विसर्जन
