गिरोह के सरगना सहित 06 आरोपी गिरफ्तार
- आरक्षक जीडी परीक्षा में आवेदक के स्थान पर स्वयं उपस्थित होकर देते थे घटना को अंजाम
- भर्ती के विभिन्न पायदानों में अलग अलग लोगों को खड़ा कर करते थे धोखाधड़ी
- आरोपियों के कब्जे से फर्जी आधार एवं भर्ती से संबंधित फर्जी दस्तावेज एवं नगदी रकम बरामद
- आरोपियों ने स्वयं को छग का निवासी बताने के लिये फर्जी आधार कार्ड व स्थायी निवासी प्रमाण पत्र बनवाया
- दुर्ग । बुधवार को प्रार्थी लोकेश कुमार कुर्रे निरीकार्य पिता स्व एच एल कुर्रे उम्र 38 साल निवासी CISFk~ 3rd RES.k~ BN उतई थाना उतई जिला दुर्ग छग ने रिपोर्ट दर्ज कराया कि केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल आर टी सी भिलाई में भर्ती बोर्ड आरक्षक जीडी 2021 की परीक्षा दौरान दिनांक 18/05/22 dks PST/PEt~ टेस्ट हेतु रिपोर्ट किये अभ्यार्थीयों का बायोमेट्रीक टेस्ट (जीवमितिक जांच) के दौरान आर.आर.सी.के.रि.पु.ब. भोपाल द्वारा उपलब्ध कराये गये फिंगर प्रिंट तथा फोटो में मेल नही पाये जाने पर भर्ती बोर्ड को धोखा देकर चयन प्रक्रिया में सम्मलित होने की रिपोर्ट की।
अपराध की गंभीरता को देखते हुये पुलिस अधीक्षक दुर्ग अभिषेक पल्लव के दिषा निर्देष पर अति पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अनंत साहू एवं पुलिस अनुविभागीय अधिकारी पाटन देवांष सिंह राठौर को अवगत कराते हुये वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्षन में थाना उतई में अपराध क्रमांक 202/2022 धारा 419, 420, 467, 468, 120बी भादवि पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
विवेचना दौरान आरोपियों –
- चन्द्रशेखर पिता भवर सिंह उम्र 20 वर्ष पता गणेश कालोनी आगरा थाना ताज गंज जिला आगरा ;उप्र
- श्याम वीर सिंह निषाद पिता बंसी लाल उम्र 20 वर्ष पता उमरायपुरा थाना पिठोरा जिला आगरा ;उप्र
- महेन्द्र सिंह पिता स्व0 भजन लाल उम्र 19 वर्ष ग्राम रामपुर थाना निवोहरा जिला आगरा ;उप्र
- अजित सिंह पिता महाराज सिंह उम्र 19 वर्ष ग्राम ऐतमापुर अजनेरा थाना समसाबाद जिला आगरा ;उप्र
- दुर्गेश सिंह तोमर पिता रामशिया तोमर उम्र 31 वर्ष पता खान्द कपरा थाना अम्बा जिला मुरेना ;मप्र
- हरीओम पिता राम दत्त उम्र 25 वर्ष पता रामनरी थाना फिडोरा जिला आगरा उप को हिरासत में लेकर कड़ाई से पुछताछ करने पर मुख्य आरोपी दुर्गेश सिंह तोमर उर्फ ब्रिजेष उर्फ झाड़ी पिता रामशिया तोमर एवं हरीओम पिता राम दत्त ने बताया कि सीआईएसएफ में भर्ती कराने के लिये प्रत्येक अभ्यर्थी से 5-5 लाख रूपये में नौकरी लगाने की बात करके फर्जी दस्तावेज तैयार कर अलग अलग व्यक्तियों को परीक्षा के विभिन्न पायदानों में उपस्थित रखकर शासन को धोखाधड़ी करना स्वीकार किया। अभ्यर्थियों को आगरा से किराये के बोलेरो में लेकर आना बताये। आरोपियों के पास से स्वयं को छग का स्थायी निवासी बताने के लिये बनाये गये फर्जी छत्तीसगढ़ का स्थायी निवासी एवं आधार कार्ड आरोपियों के कब्जे से बरामद कर जप्त किया गया। आरोपियों द्वारा अपराध घटित करना स्वीकार करने से विधिवत गिरफ्तार कर आरोपियों के कब्जे से फर्जी दस्तावेजों को जप्त कर आरोपियों को न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया।
उक्त समस्त कार्यवाही में एसडीओपी पाटन देवांश सिंह राठौर, थाना प्रभारी निरीक्षक नवी मोनिका पाण्डेय, उपनिरीक्षक के.एल. गौर, सउनि राजकुमार देशमुख, चंद्रशेखर सोनी, आरक्षक सुरेन्द्र सिंह चैहान, आकाष तिवारी, महेश देवांगन, दुष्यंत लहरे, मुकेश यादव, अमर नायक, विजय कुर्रे का सराहनीय योगदान रहा हैं।
