पाटन। 5 वर्ष से कम आयु के बच्चोँ में निमोनिया से बचाव एवं ईलाज ,प्रबंधन हेतु सांस इनिशिएटिव एवं नवजात शिशु सप्ताह के तहत विकासखंड स्तरीय अभियान का आरंभ देवेंद्र चंद्रवंशी उपाध्यक्ष जनपद पंचायत पाटन की उपस्थिति में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाटन में किया गया।
बीएमओ डॉ आशीष शर्मा ने कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिभागियों को बताया कि नवजात बच्चों एवं 5 वर्ष की आयु तक के बच्चों में निमोनिया बीमारी के कारण अनेक बच्चे अपना जीवन खो देते हैं। SAANS social Awareness and action to Neutralize Pneumonia Successfully अभियान के तहत समुदाय में विशेषकर छोटे बच्चों के माता पिता को निमोनिया के लक्षण की जानकारी पहुंचाना, बचाव के उपाय, एवं निमोनिया होने पर तत्काल नजदीक के उपस्वास्थ्य केंद्र स्तर पर, मितानिनों के पास तत्काल एंटीबायोटिक की प्रथम खुराक लेना, एवं उचित उच्च स्वास्थ्य केंद्र रेफेर कर समुचित उपचार के बारे में जागरूकता की जाएगी।
बच्चों में निमोनिया के लक्षण में सर्दी खांसी,बुखार के साथ श्वसन का तेजी से चलना ( जन्म से 2 माह तक आयु के बच्चों में 60 प्रति मिनट से अधिक, 2माह से 1 वर्ष आयु के बच्चों में 50 प्रति मिनट से अधिक, 1वर्ष से 5 वर्ष से अधिक आयु के बच्चों में 40 प्रति मिनट से अधिक) , छाती में पसली का धंसना आदि प्रमुख लक्षण हैं। यदि इन लक्षणों के साथ उल्टी होना, झटके आना, बेहोशी, भोजन/स्तनपान में अरुचि आदि हो तो गंभीर निमोनिया के लक्षण हैं।
श्री चंद्रवंशी ने अपने उद्बोधन में कहा कि नवजात बच्चों के स्वास्थ्य की सुरक्षा माता पिता, परिवार के साथ साथ, मितानिनों, स्वास्थ्य विभाग , पंचायत विभाग, महिला बाल विकास विभाग एवं शिक्षा विभाग एवं अन्य विभाग तथा जनप्रतिनिधियों के समन्वय एवं सहयोग से किया जा रहा है। आशा है कि आगामी समय मे सामुदायिक पहल एवं जागरूकता से हमारे बच्चे नौनिहाल उत्तम स्वास्थ्य पाएंगे।
सीडीपीओ महिला बाल विकास विभाग सुमित गंडेचा ने कहा कि आँगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से मितानिनों एवं ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजकों के साथ सांस प्रोग्राम की टैग लाइन निमोनिया नहीं तो बचपन सही के गतिविधियां की जाएंगी।
बीईटीओ बी एल वर्मा ने बताया कि बच्चों को समग्र टीकाकरण सारणी के अनुसार पेंटावैलेंट, पीसीवी, मिसल्स आदि उपलब्ध सभी वैक्सीन भी निमोनिया से बचाव करती है। बच्चों का पूर्ण एवं सम्पूर्ण टीकाकरण समय पर करवाएं।
बीपीएम पूनम साहू ने अभियान प्रबंधन की जानकारी दी। चंद्रकांता साहू ने प्रसव के दौरान प्रसूता माता एवं नवजात देखभाल एवं जन्म के एक घंटे के भीतर स्तनपान पर व्याख्यान दिए। कार्यक्रम में विकासखंड पाटन के चिकित्सक,पर्यवेक्षकगण, बीडीएम टीमन साहू, लक्ष्मीनारायण, विवेक, जीवन यादव, कृष्ण कुमार यादव आदि अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।
15 से 21 नवंबर तक नवजात शिशु सप्ताह आयोजित किया जा रहा है जिसमें स्वास्थ्य संयोजक, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, मितानिन बच्चो के घर गृहभ्रमण कर बच्चों की जांच करेंगी, स्तनपान एवं पोषण सलाह एवं स्क्रीनिंग आदि करेंगे।
निमोनिया से बचाव,इलाज प्रबंधन हेतु सांस इनिशिएटिव के तहत ब्लाक स्तरीय अभियान आरम्भ
