राजनांदगांव।अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस का आयोजन ग्राम रेंगा कठेरा के युवा वॉलिंटियर्स के द्वारा किया गया.रिलायंस फाउंडेशन के द्वारा प्रेरित इस कार्यक्रम को वॉलिंटियर तेजस्वी वर्मा, कुंदन जंघेल, रुक्मणी वर्मा, धनेश वर्मा के द्वारा किया गया।विगत वर्ष की भांति युवा वॉलिंटियर्स ने सीडबॉल बनाकर के पर्यावरण को बचाने की मुहिम को जारी रखा।
सीट बॉल बनाने हेतु इन वॉलिंटियर्स ने मिट्टी, गोबर की खाद और वर्मी कंपोस्ट का इस्तेमाल किया. इसमें उपलब्ध अर्जुन, शीशम, करंज, नीम आदि के बीज डाल कर के सीड बॉल्स बनाए गए, जिसे इन युवाओं ने गांव की पड़त जमीन, मेड़ों पर डाल करके पिछले वर्ष करीब 1000 पौधे बनाए हैं, इन पौधों की देखभाल युवाओं का यह समूह करता है.
तेजस्वी वर्मा ने बताया कि उन्हें इसका विचार एक वीडियो को देखकर आया, उसमें भी कुछ युवाओं ने मिट्टी, गोबर, वर्मी कंपोस्ट में जंगली बीजों को मिलाकर अपने गांव के आसपास के पड़त भूमि पर उन्होंने बिखेरा और बारिश में उनसे पौधे बन गए और ग्रामीणों के सहयोग से उसके बाद इसमें जानवरों की घास चराई पर रोक लगाई इस प्रकार वन संरक्षण का कार्य किया था.
इसी से प्रेरित होकर उन्होंने अपने गांव के मित्रों और युवाओं को संगठित कर यह कार्य करने हेतु प्रेरित किया विश्व जैव विविधता दिवस के उपलक्ष में उन्होंने अपने मित्रों और सहयोगियों के द्वारा लगभग 1000 सीडबॉल बनाएं और उसका बिखराव रेंगाकठेरा के गांव के आसपास किया है।
उनका विचार की विश्व पर्यावरण दिवस के दिन हम करीब 10 गांव में 10,000 से ज्यादा सीडबॉल का प्रयोग करके एक और बड़ा कार्यक्रम करेंगे। इस हेतु उन्हें रेंगा कठेरा के अलावा पदुमतरा, बांसुला, डोम्हाटोला, खपरीकला, सिंगपुर, आदि गांव के युवाओं का भरपूर सहयोग मिल रहा है।
