रायपुर। मुख्यमंत्री निवास में आज भूपेश कैबिनेट की बैठक हुई. इस बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए है. कैबिनेट की बैठक से जो बातें निकलकर सामने आई है उसमें 6 नए सहकारी बैंक को मंजूरी दी गई है. इसके साथ ही नौकरी में स्थानीय लोगों की भर्ती होगी. निजी स्कूल में फीस नियंत्रण पर भी चर्चा की गई है. कैबिनेट में कुल 33 बिंदुओं पर चर्चा हुई है.भूपेश कैबिनेट की अहम बैठक में आज कई बड़े फैसले हुए हैं। राज्य कैबिनेट ने आज विधायकों व पूर्व विधायकों को बड़ी सौगात दी है। राज्य सरकार ने जहां विधायकों व पूर्व विधायकों का यात्रा कूपन बढ़ा दिया है, तो वहीं पूर्व विधायकों की पेंशन भी बढ़ायी गयी है। पहले विधायकों को 4 लाख और पूर्व विधायकों को 2 लाख रुपये यात्रा कूपन मिलता था, अब ये राशि बढ़ाकर विधायकों के लिए 8 लाख और पूर्व विधायकों के लिए 4 लाख कर दी गयी है। वहीं पूर्व विधायकों के लिए पेंशन भी अब बढ़ा दी गयी है
ये हैं कैबिनेट के महत्वपूर्ण फैसले
- विधानसभा के सदस्य का यात्रा भत्ता बढ़ाकर 8 लाख और पूर्व सदस्य का 4 लाख किया गया.
- प्राइवेट स्कूल के फीस नियामक आयोग को विनियमन विधेयक को भी शामिल किया गया है.
- भंडार क्रय नियम को संशोधित किया गया है.
- अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष अब मुख्यमंत्री ना होकर एक अध्यक्ष और 2 उपाध्यक्ष की व्यवस्था की गई है.
- नए जिले GPM को भी तृतीय और चतुर्थ वर्ग की भर्ती में स्थानीय को प्राथमिकता दी जाएगी.
- एर्राबोर हत्याकांड में प्रत्येक प्रभावित परिवार को 4 लाख की सहायता राशि दी जाएगी.
- अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग आयोग के नियमों को संसोधित कर सदस्य संख्या बढ़ाकर 1 अध्यक्ष, 1 उपाध्यक्ष और 6 सदस्य करने का निर्णय लिया गया.
- महासमुंद, बालोद, बलौदाबाज़ार, बेमेतरा, जांजगीर, सरगुजा समेत 6 जगहों पर नए सहकारी बैंक की स्थापना का प्रावधान किया गया है.
- लोक सेवा गारंटी में आवेदन की तारीख शामिल नहीं की जाती थी, अब संशोधन में आवेदन की तारीख भी अनिवार्य रुप से बताने का प्रावधान किया गया.
- बस्तर विश्वविद्यालय अब शहीद महेंद्र कर्मा के नाम से जाना जाएगा.
- अरपा विकास प्राधिकरण को भंग करके अरपा बेसिन विकास प्राधिकरण बनाए जाने को कैबिनेट की मंजूरी मिली है.
- छत्तीसगढ़ी भाषा के लिए केंद्र से अनुरोध किया जाएगा.
- पूर्व विधायक के पेंशन में कई गई वृद्धि.
अनुपूरक बजट को हरी झंडी- 25 अगस्त से छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र में राज्य सरकार अपना पहला अनुपूरक बजट पेश करेगी। जल जीवन मिशन, तीन मेडिकल कालेज की स्थापना, कोरोना से निपटने, इंग्लिश मीडियम स्कूल, मरवाही-पेंड्रा-गौरेला नये जिले के उत्थान के लिए व राजीव गांधी किसान न्याय योजना के लिए राशि का प्रबंध इस अनुपूरक बजट के माध्यम से की जायेगी।
वहीं निजी स्कूलों के फीस निर्धारण के लिए विधेयक विधानसभा में लाया जायेगा। मंत्रिमंडलीय उप समिति राज्य सरकार ने बनायी थी, उसके बाद जिला स्तर पर फीस नियंत्रण की कमेटी में भागीदारी को लेकर विधेयक में उल्लेख होगा।
शहीद महेंद्र कर्मा स्मृति सामाजिक सुरक्षा योजना को कैबिनेट सं मंजूरी दी गयी।भंडार क्रय नियम में भी आंशिक संशोधन किया गया है, जिसमें स्थानीय यूनिटों को महत्व देने और प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए सहयोग देने का फैसला लिया गया है।
अनुसूचित जनजाति प्राधिकरण में पहले मुख्यमंत्री अध्यक्ष हुआ करते थे, लेकिन अब मुख्यमंत्री की तरफ से नामांकित व्यक्ति को अध्यक्ष बनाया जा सकता है।
छत्तीसगढ़ी भाषा को आठवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए मुख्यमंत्री के लिखे पत्र को आज कैबिनेट में अनुमोदित किया गया, साथ ही केंद्र सरकार से छत्तीसगढ़ी भाषा को अनुसूची में शामिल करने का अनुरोध किया गया।
सरगुजा व बस्तर की तर्ज पर नये जिले गौरेला, पेड्रा, मरवाही में भी तृतीय व चतुर्थ श्रेणी भर्तियों में स्थानीय युवाओं को मौका दिया जायेगा।
16 जनवरी 2006 में ऐर्राबोर राहत शिविर में 32 ग्रामीणों की हत्या मामले में भी बड़ा फैसला लिया गया है। उस वक्त की तत्कालीन सरकार ने सिर्फ 1 लाख रुपये की सहायता राशि दी थी, अब उन्हें 4 लाख की सहायता राशि दी जायेगी।
पिछड़ा वर्ग आयोग, अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्क आयोग में पहले एक अध्यक्ष और दो सदस्य की नियुक्ति 3 साल के लिए होती थी, लेकिन अब ये कार्यकाल सरकार के प्रसार प्रर्यन्त जारी रहेगी। वहीं आयोग में अब एक अध्यक्ष, एक उपाध्यक्ष और 6 सदस्यों को नियुक्त किया जायेगा।
राजनीतिक दलों के कार्यालय भवन के लिए एक नीति बनायी गयी।
छत्तीसगढ़ में सरकारी बैंक के पुनर्गठन का निर्णय लिया गया है। 5 बैंक कार्यरत है, बाकी अपेक्स बैक के अंतर्गत है। आज राज्य सरकार ने फैसला लिया है कि महासमुंद, बालौदाबाजार, बालोद , बेमेतरा, जांजगीर और सरगुजा में नये कॉपरेटिव बैंक खुलेंगे। रिजर्व बैंक को राज्य सरकार अपना प्रस्ताव जल्द भेजेगी।प्राथमिक सहकारी बैंकों में अधिकार के बंटवारे को लेकर विधेयक को मंजूरी दी गयी है।
लोक सेवा गारंटी में संशोधन किया गया , अब उसमें आवेदन प्राप्ति की तारीख का उल्लेख होगा
बस्तर विश्विदियालय को संशोधन विधेयक को मंत्रिमंडल में अनुमोदन किया गया।
अरपा बेसिन विकास प्राधिकरण को मंजूरी दी, अरपा विकास प्राधिकरण को अब अरपा बेसिन विकास प्राधिकरण से जाना जायेगा, ये जल संसाधन विभाग से जुड़ेगा।
भाड़ा नियंत्रण अभिकरण में अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर संशोधन किया गया है।
विभिन्न विभागों के अनुपयोगी जमीन को डेवलेप करने के लिए रोड विकास निगम, हाउसिंग बोर्ड से कराने का निर्णय लिया गया है।
