- चार महीने में चौथी बार बदली कमान, अब नीर निधि नंदेहा संभालेंगे पाटन की प्रशासनिक बागडोर
- कुछ दिन पहले प्रफुल्ल गुप्ता को मिला था प्रभार, अब फिर बदलाव से उठे सवाल…..पाटन को स्थायी SDM कब?
पाटन। पाटन में प्रशासनिक फेरबदल का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। SDM की कुर्सी पर एक बार फिर चेहरा बदल गया है। अब जिले में नवपदस्थ डिप्टी कलेक्टर नीर निधि नंदेहा को पाटन SDM की जिम्मेदारी सौंपी गई है। खास बात यह है कि कुछ दिन पहले ही प्रफुल्ल गुप्ता को SDM का प्रभार दिया गया था। उनके प्रभार के बाद अब अचानक एक बार फिर बदलाव ने प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पिछले करीब चार महीने के घटनाक्रम पर नजर डालें तो पाटन SDM पद पर लगातार बदलाव देखने को मिला है। इससे पहले उत्तम ध्रुव पाटन SDM थे। बारिश और बाढ़ के दौरान चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में उन्होंने क्षेत्र में रहकर प्रशासनिक व्यवस्था संभाली। इसके बाद उनका तबादला महेंद्रगढ़ कर दिया गया। उत्तम ध्रुव से पहले लवकेश ध्रुव पाटन SDM की जिम्मेदारी संभाल रहे थे, जिन्हें बाद में धमधा भेजा गया।
इसके बाद प्रफुल्ल गुप्ता को पाटन SDM का प्रभार मिला और अब फिर जिम्मेदारी बदलते हुए नीर निधि नंदेहा को कमान सौंप दी गई है।
चार महीने में लगातार बदलाव, स्थायित्व पर सवाल
SDM जैसे महत्वपूर्ण पद पर बार-बार बदलाव को लेकर अब पाटन में चर्चाएं तेज हो गई हैं। राजस्व, कानून-व्यवस्था, बाढ़-आपदा प्रबंधन, जमीन संबंधी मामलों और शासन की योजनाओं की मॉनिटरिंग जैसे महत्वपूर्ण कार्य SDM के अधीन होते हैं। ऐसे में बार-बार अधिकारी बदलने से प्रशासनिक निरंतरता को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है।
स्थानीय लोगों के बीच अब सीधा सवाल है—आखिर पाटन को स्थायी SDM कब मिलेगा? क्या नई पदस्थापना के बाद प्रशासनिक व्यवस्था स्थिर होगी या कुछ समय बाद फिर कोई नया आदेश सामने आएगा?
तहसीलदार की कुर्सी भी रही सुर्खियों में
पाटन में केवल SDM ही नहीं, बल्कि तहसीलदार पद पर भी हाल के दिनों में लगातार फेरबदल देखने को मिला। पवन ठाकुर के स्थानांतरण के बाद ममता टावरी को पाटन तहसीलदार बनाया गया था, लेकिन पदभार ग्रहण करने से पहले ही उनका स्थानांतरण नारायणपुर कर दिया गया। इसके बाद मनोज गुप्ता को पाटन तहसीलदार की जिम्मेदारी दी गई है।
यानी पाटन में SDM से लेकर तहसीलदार तक, दोनों प्रमुख राजस्व पदों पर लगातार बदलाव हुआ है।
अब नई SDM के सामने चुनौती
नई SDM नीर निधि नंदेहा के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती प्रशासनिक व्यवस्था को स्थिरता देना होगी। क्षेत्र की लंबित राजस्व समस्याओं, आम लोगों की शिकायतों और प्रशासनिक कार्यों को गति देने के साथ जनता के बीच भरोसा कायम करना भी महत्वपूर्ण होगा।
अब देखना यह है कि नीर निधि नंदेहा की पदस्थापना पाटन में प्रशासनिक स्थिरता का नया अध्याय शुरू करती है या तबादलों की कहानी आगे भी जारी रहती है।
