- जन औषधि केंद्र और धनवंतरी स्टोर्स रहेंगे खुले
दुर्ग/ ऑनलाईन फार्मेसी के विरोध में राष्ट्रीय संगठन ’ऑल इंडिया ऑर्गनाईजेशन ऑफ केमिस्ट एण्ड ड्रगिस्ट एसोसिएशन’ द्वारा 20 मई 2026 को एक दिवसीय राष्ट्रव्यापी दवा व्यापार बंद का आह्वान किया गया है। इस देशव्यापी बंद के अंतर्गत जिले में भी दवा दुकानें बंद रहेंगी, जिसके संबंध में ’जिला दुर्ग केमिस्ट एण्ड ड्रगिस्ट संघ’ ने कलेक्टर कार्यालय में अग्रिम सूचना का ज्ञापन सौंप दिया है। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह के निर्देशानुसार खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला दुर्ग के सहायक औषधि नियंत्रक द्वारा आम नागरिकों के हित में अपील की गई है, ताकि बंद के दौरान किसी भी प्रकार की आपातकालीन स्थिति से निपटा जा सके।
जिला प्रशासन ने नागरिकों से, विशेषकर गंभीर एवं लंबी बीमारियों (जैसे डायबिटीज, बीपी, अस्थमा, हृदय रोग, कैंसर और मिर्गी) से ग्रसित मरीजों से अपील की है कि वे अपनी रोजमर्रा की जरूरी दवाइयों और जीवनरक्षक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक पहले से ही खरीदकर सुरक्षित रख लें। आपातकालीन स्थिति निर्मित होने पर नागरिक तुरंत अपने नजदीकी अस्पताल, जिला चिकित्सालय या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों से संपर्क कर सकते हैं। आम जनता की सुविधा के लिए प्रशासन ने जिला चिकित्सालय, सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा निजी स्तर पर संचालित सभी ’प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्रों’ और ’श्री धनवंतरी जेनरिक मेडिकल स्टोर्स’ को 20 मई को अनिवार्य रूप से खुला रखने के निर्देश दिए हैं। इसके अतिरिक्त, किसी भी तरह की परेशानी होने पर नागरिक जिला दुर्ग केमिस्ट एण्ड ड्रगिस्ट के अध्यक्ष श्री वकार हसन कामदार (9826421919) या सचिव श्री दीपक बंसल (9827476558) से सीधे संपर्क कर सकते हैं। साथ ही, खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने दवा विक्रेता संघ (केमिस्ट एण्ड ड्रगिस्ट संघ) से भी इस बंद स्थिति को पूरी तरह शांतिपूर्ण और वैध तरीके से आयोजित करने की अपील की है। जिला प्रशासन ने संघ से आग्रह किया है कि वे मानवीय दृष्टिकोण और जनहित को ध्यान में रखते हुए आपातकाल के दौरान जीवनरक्षक दवाइयों की आपूर्ति बाधित न होने दें। बंद के दौरान स्वास्थ्य विभाग के साथ निरंतर सामंजस्य बनाए रखने तथा ’प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र’ एवं ’श्री धनवंतरी जेनरिक मेडिकल स्टोर्स’ को इस बंद से पूरी तरह मुक्त रखने की अपील की गई है ताकि मरीजों को दवाइयों के लिए भटकना न पड़े।
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