सरस्वती शिशु मंदिर तरीघाट में हर्षोल्लास के साथ मना सप्तशक्ति संगम एवं वार्षिक उत्सव


पाटन। सरस्वती शिशु मंदिर, तरीघाट में शुक्रवार को सप्तशक्ति संगम एवं वार्षिक उत्सव का आयोजन हर्षोल्लास और भव्यता के साथ किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि विजय बघेल, सांसद दुर्ग लोकसभा द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया। इस अवसर पर निर्मल जैन, बाबा वर्मा, राजा पाठक, राजेश जैन एवं डोने साहू विशेष रूप से उपस्थित रहे।
सप्तशक्ति संगम कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में श्रीमती सरिता साहू (पूर्व उपाध्यक्ष, तहसील साहू संघ पाटन) उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में श्रीमती भावना विष्णु निषाद (जनपद सदस्य), श्रीमती चंद्रिका साहू (सरपंच), श्रीमती झमिता साहू, श्रीमती नारायणी निषाद (संयोजिका), श्रीमती वीणा साहू, श्रीमती रुखमणी साहू एवं श्रीमती नंदनी गोस्वामी की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम में पंच परिवर्तन विषय पर वक्ताओं ने विचार रखे। साथ ही माताओं द्वारा छत्तीसगढ़ी व्यंजन बगिया, ग्रामीण खेलकूद, प्रश्नोत्तरी, एकल अभिनय, भजन, लोरी गीत, प्रेरक कहानी एवं देशभक्ति गीतों की आकर्षक प्रस्तुतियाँ दी गईं।
इस अवसर पर उन माताओं को विशेष अनुकरणीय सम्मान प्रदान किया गया, जिनके पुत्र-पुत्री आज देश सेवा में कार्यरत हैं और जिन्होंने अपने माता-पिता व विद्यालय का नाम गौरवान्वित किया है। प्रतिवर्ष स्थान प्राप्त करने वाले भैया-बहनों की माताओं को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती नारायणी निषाद ने किया।


द्वितीय सत्र : वार्षिक उत्सव
वार्षिक उत्सव के द्वितीय सत्र में मुख्य अतिथि रूपनारायण सिन्हा (अध्यक्ष, योग आयोग छत्तीसगढ़ शासन) रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता रतन चक्रधर (अध्यक्ष, सरस्वती ग्राम शिक्षा समिति छत्तीसगढ़ प्रांत) ने की।
विशेष अतिथि के रूप में ठाकुरराम (उपाध्यक्ष), पंचूलाल मारकंडे (पूर्व अध्यक्ष), नरेन्द्र कुमार (उपाध्यक्ष), चंद्रिका साहू (सरपंच), श्रीमती भावना निषाद (जनपद सदस्य), संतराम कुभकार (सरपंच, सोनपुर), प्रकाश गोस्वामी (उपसरपंच), नंदनी गोस्वामी (पूर्व उपसरपंच) सहित सरस्वती ग्राम शिक्षा समिति तरीघाट के अनेक सदस्य उपस्थित रहे।


विद्यालय के भैया-बहनों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम, योग-प्राणायाम, सूर्य नमस्कार पिरामिड एवं नवदुर्गा की विशेष शक्ति का भव्य प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में आसपास के पाँच गाँवों से लगभग 400 माताएँ, 200 पुरुष, 350 भैया-बहन एवं बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।
समापन अवसर पर बच्चों एवं माताओं को पुरस्कार वितरित किए गए, समिति सदस्यों को प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया तथा आचार्यों को आचार्य सम्मान प्रदान किया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान एवं शांति मंत्र के साथ हुआ।
वार्षिक उत्सव का संचालन देवनारायण साहू, प्रधानाचार्य सरस्वती शिशु मंदिर तरीघाट द्वारा किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *