- प्रतिवर्ष 24 मार्च को मनाया जाता है विश्व क्षय दिवस
- सभी सरकारी अस्पतालों में है निशुल्क जांच व उपचार की सुविधा
- डॉट्स पद्वति से किया जाता है टीबी मरीजो का उपचार
- इलाज के दौरान निश्चय पोषण योजना के तहत 500 रु प्रतिमाह बैंक खाते में देती है सरकार
पाटन। 24 मार्च विश्व क्षय दिवस के अवसर पर पाटन ब्लॉक के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों,प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों,उप स्वास्थ्य केंद्रों में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ आशीष शर्मा के मार्गदर्शन में हुआ जिसके तहत हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर फुंडा में भी जागरुकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया जहाँ पर हितग्राहियों टीबी रोग के बारे में जानकारी दिया गया । हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के सीएचओ सुश्री नेहा भीमगज ने लोगो को जानकारी दिया कि टीबी एक संक्रामक रोग है जो कि माइकोबैक्टेरियम ट्यूबरक्लोसिस नामक जीवाणु से होता है तथा यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में ड्रापलेट इंफेक्शन की वजह से फैलता है इसलिए खाँसते या छींकते समय रुमाल का उपयोग अवश्य करना चाहिए।सेक्टर पर्यवेक्षक आर के टण्डन एवं ए देशलहरे ने टीबी रोग के लक्षण के बारे में बताया कि यदि किसी में दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी आना,शाम को हल्का बुखार रहना ,अपने आप वजन कम होना ,भूख न लगना,खांसते वक्त बलगम में खून आना ,सीने में दर्द होना आदि शिकायत रहता है तो वह टीबी हो सकता है ऐसी परिस्थिति में निकट के स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच अवश्य करवाना चाहिए। ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक बिष्णु देवांगन ने टीबी रोग के निदान के बारे में बताया कि टीबी की संभावित लक्षण मिलने पर जांच मितान( रनर) की सहायता से घर बैठे ही खखार जांच कराने की सुविधा पाटन ब्लॉक में है इसके लिए सुबह का स्पुटम देना होता है जिससे उसका सिबिनाट पद्धति से टेस्ट हो जाता है ।टीबी मरीज को डॉट्स पद्धति से इलाज की सुविधा प्रदान किया जाता है जिसके तहत मरीज को घर पर ही दवाई प्राप्त हो जाता है जिससे मरीज को अस्पताल के चक्कर लगाना नही पड़ता साथ ही मरीज को दवाई सेवन अवधि के दौरान सही पोषण खुराक लेने के लिए 500 रु प्रतिमाह उसके बैंक खाते में ट्रांसफर किया जाता है ।टीबी रोग से बचाव के लिए बच्चो को जन्म के तुरंत बाद बीसीजी का टीका अवश्य लगाना चाहिए साथ स्वस्थ जीवन शैली का अनुशरण करना चाहिए ,बीड़ी सिगरेट,शराब का सेवन नही करना चाहिए ,व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ साथ वातावरणीय स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाना आवश्यक है । इस अवसर पर तालसिंह ठाकुर, बिष्णु देवांगन, आर एस शांडिल्य, पूजा बंजारे,संतोषी देवांगन रिजवान अहमद तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे
