भिलाई। छत्तीसगढ़ कांग्रेस सरकार के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने 1 मई को अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर को बोर बासी दिवस में तब्दील कर सभी प्रदेशवासियों को बासी खाने की अपील थी। मुख्यमंत्री के घोषणा के बाद मंत्री, विधायक और अधिकारी कर्मचारी मजदूरों के साथ बासी खा रहे है।
दुर्ग लोकसभा सांसद ने प्रदेश कांग्रेस सरकार पर प्रहार करते हुए कहा कि 3 साल बाद कांग्रेस सरकार व अधिकारियों को बासी की याद आई है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल प्रदेश में साल भर शराब दुकान को चालू रख दारू दिवस मनाते है और 1 दिन बासी दिवस मना रहे है। बासी हमारे प्रदेश के सभी वर्गों का प्रिय भोजन है, हमारे प्रदेशवासी आज से ही नहीं बचपन से बासी खा रहे है।
सांसद बघेल ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आपको श्रमिक, मजदूर व कर्मचारी वर्ग के भोज्य पदार्थ और हित की इतनी ही चिंता है तो तत्काल शराबबन्दी करें और सभी कर्मचारियों की मांग को पूर्ण करें। मुख्यमंत्री, मंत्री और उनके अधिकारी रायपुर धरना स्थल पर तपती गर्मी में भूखे प्यासे बैठे मनरेगा कर्मचारियों, मितानिन बहनों को बासी खिलाएं, उनके मांग को पूरा करें। लेकिन मंत्री, विधायक, उनके जनप्रतिनिधगण व अधिकारी केवल दिखावा करने के लिए बासी खा रहे है। रायपुर महापौर और कांग्रेस विधायक तो बासी को चम्मच से खाते दिख रहे है और जब उनकी फोटो वायरल हुआ तो नमक को घोलने की बात कर रहे है, दिखावटी सरकार के दिखावटी नेता है।
दुर्ग सांसद बघेल ने कहा कि पाटन के श्रमिक भाई का गौठान में काम करते हुए आकस्मिक निधन हो गया है। आज श्रमिक दिवस है तो मुख्यमंत्री भूपेश बघेल उनके श्रम के सम्मान में सभी श्रमिकों का बीमा करवाने की घोषणा करें साथ ही भाई देवेंद्र मार्कण्डेय के परिवार को 50 लाख रुपये देने की घोषणा करें। स्वयं के प्रदेश, स्वयं का विधानसभा के व्यक्ति के निधन पर 4 लाख रुपये और उत्तरप्रदेश के मृत किसानों के लिए 50-50 लाख रुपये दिए है। ऐसी कांग्रेस की निर्लज सरकार सत्ता में बैठे है। जो केवल बड़ी-बड़ी बाते और कोरी घोषणाएं करते है।
