गरियाबंद। 26 जनवरी को पूरे देश मे 73 वी गणतंत्र दिवस पर हर्षोल्लास के साथ सभी स्कूल , चौक-चौराहों, शासकीय भवनों में ध्वजारोहण किया गया। लेकिन गरियाबंद जिले में अपनी अनुपस्थिति को लेकर अक्सर विभागीय जांच के दायरे में रहने वाले अमली प्राथमिक स्कूल के इकलौते शिक्षक हिरोराम दुर्गा के अनुपस्थिति के चलते जिले के इस स्कूल में तिरंगा नहीं फहराया गया। बच्चे और अभिभावक सुबह से इंतजार करते रह गए, लेकिन मास्टर जी नहीं आए, और सभी मायूस होकर बिना गणतंत्र दिवस मनाए लौट गए।
पंच हीरालाल ध्रुव ने बताया कि आज उन्हें स्कूल में तिरंगा फहराने का न्योता दिया गया था. आज सुबह 7 बजे स्कूल पहुंच गए. 10 बजे तक इंतजार करते रहे, लेकिन यंहा पदस्थ मास्टर जी हिरोराम नहीं आए. बगैर तिरंगा फहराए उन्हें स्कूल से बैरंग लौटना पड़ा।
उसके बाद में वहां के आंगनबाड़ी भवन में तिरंगा फहराकर गणतंत्र दिवस मनाया गया। मामले में शिक्षक हिरोराम ने कहा कि उन्हें बुखार है और कोरोना जैसे लक्षण नजर आए, इसलिए स्कूल नही गए। इसकी सूचना किसी को भी नहीं देने की बात मास्टर ने स्वीकार किया है।
हमारे संवाददाता ने बीईओ आर आर ध्रुवा से उनके मोबाइल पर सम्पर्क किया लेकिन उनके द्वारा रिसीव नहीं किया। संकुल प्राचार्य ख़िरसिंह नेताम ने कहा कि अभी तक इसकी जानकारी नहीं है, लेकिन सम्बंधित से बात कर इसकी जानकारी अधिकारियों को देता हूं। उनका स्कूल न आने की घटना नई नहीं है, पूरा विभाग जानता है। ग्रामीणों की शिकायत पर कई बार जांच भी हुए हैं।
मॉनिटरिंग सेंटर अब 22 किमी दूर स्कूलों में मॉनिटरिंग के लिए संकुल केन्द्र बनाए गए हैं। इंदागांव पंचायत का यह आश्रित ग्राम अमली है. पहले इसी संकुल के अधीन इसका मॉनिटरिंग होती थी। आए दिन शिकायत मिली तो इस पर निगरानी बढाने के बजाए अमली स्कूल को 22 किमी दूर बुर्जाबहाल संकुल के अधीन करना समझ से परे है।
यहां के संकुल प्राचार्य ख़िरसिंह नेताम ने माना कि दूरी और विषम भौगोलिक परिस्थिति के कारण इसकी मॉनिटरिंग सम्भव नहीं है। कई बार इसके लिए लिखित पत्र आला अधिकारी को दिया गया, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।
