- सरपंच एवं पंचों ने भी राशि आहरण करने कर दिया प्रस्ताव पारित
- राशि आहरण पर रोक लगाने ग्रामीणों ने सौपा जनपद सीईओ को ज्ञापन
पाटन। जनपद पंचायत पाटन के बहुचर्चित ग्राम पंचायत अचानकपुर में अनोखा मामला प्रकाश में आया है। मुख्यमंत्री समग्र विकास योजना अन्तर्गत प्राथमिक स्कूल के बगल से हाई स्कूल जाने वाली सड़क के लिये 5.20 लाख रुपये की स्वीकृति मिली थी। जिसे एजेंसी ग्राम पंचायत अचानकपुर द्वारा ठेकेदार उज्ज्वल चन्द्राकर को दिया गया था।
गौरतलब हो कि ग्रामीणों ने सीसी रोड निर्माण के दौरान ही सड़क में निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर जनपद सीईओ मनीष कुमार साहू को दूरभाष के माध्यम से शिकायत भी किया था। जिस पर सीईओ द्वारा मामले को संज्ञान में लेकर निर्माण कार्य शासन द्वारा तय मानकों के अनुसार किये जाने का निर्देश दिया था।
ग्राम पंचायत की मासिक बैठक 4 अगस्त को आयोजित की गई थी। जिसमे सड़क निर्माण की राशि आहरण का प्रस्ताव भी रखा गया था। राशि आहरण के सम्बंध में चर्चा के दौरान के दौरान ठेकेदार द्वारा दिए गए बिल में 33 दिनों तक काम किये जाने का बिल दिया गया था जिस पर पंच मोरध्वज साहू, किशन हिरवानी, श्याम लाल साहू, खेमलता साहू, कृष्ना साहू ने कहा कि सड़क निर्माण कार्य 6 दिनों में पूरा हो गया था तो बिल में 33 दिनों की काम होना कैसे दर्शाया गया है। पंचायत में पंचों द्वारा बतलाया गया कि जितने दिनों का काम हुआ है उसका वीडियो रिकार्डिंग भी मौजूद है उसके बाद भी सरपंच, उपसरपंच द्वारा अपने बहुमत होने का दबाव डालकर 33 दिनों तक काम होने के नाम पर राशि आहरण करने प्रस्ताव भी पारित करवा लिया गया।
6 दिनों की काम होने के बाद भी सरपंच एवं 9 पंचों द्वारा 33 दिनों की काम पर सहमति प्रदान किये जाने पर 5 पंचों द्वारा जनपद पंचायत सीईओ के पास शिकायत दर्ज करवा कर सिर्फ 6 दिनों की भुगतान करने के लिए ज्ञापन सौपा गया। इस संबंध में सरपंच से उनके मोबाइल पर संपर्क करने पर उनके द्वारा रिसिव नही किया गया।
वर्षण:-
ग्रामीणों द्वारा गुरुवार को शिकायत किया गया है। शिकायत के संबंध में जांच दल गठन किया गया है। जांच के बाद उचित कार्यवाही किया जाएगा।
मनीष साहू( सीईओ जनपद पंचायत पाटन)
