गोंडवाना के सैकड़ो नेताओं ने की ऑनलाइन बैठक आदिवासी के विकास व विस्तार पर हुआ चर्चा

? संवाददाता तेनसिंह मरकाम गरियाबंद

गरियाबंद प्रकृति शक्ति ज्योतिपुंज सर्वोच्च शक्ति-बड़ादेव एवं ममतामई गुरु दाई,गुरु दादा के असीम कृपा से गोंडी धर्म संस्कृति संरक्षण समिति गरियाबंद एवं छ.ग गोंड़वाना संघ जिला गरियाबंद तथा छत्तीसगढ़ युवा प्रभाग गरियाबंद के तत्वाधान में विभिन्न क्षेत्रों के गोंडवाना के पदाधिकारियों ने ऑनलाइन बैठक की इसमें गोंडवाना के विकास व विस्तार साथ ही मौज़ूदा दौर की स्थितियों पर अहम चर्चा किया गया इसके अलावा कोरोना महामारी के कारण सामाजिक बैठक का आयोजन वर्चुअल Google meet internet के माध्यम से किया गया तिरु. युवराज मंडवी (समाज सेवक) ने news24 कैरेट संवाददाता को बताया कि उक्त कार्यक्रम में हमारे समाज के बुद्धिजीवी सगादेवताओं के द्वारा निम्न विषय पर प्रकाशवान किया गया:-
गो.ध.सं.स.समिती गरियाबंद के जिलाध्यक्ष,तिरु.-दुष्यंत धुर्वा जी

1-भोजली महोत्सव,
2-करमडार,चिल्हाडार पर्व का महत्व,
3-ईशर-गवरा विवाह,
4-गोंड जाति का धर्म,संस्कृति,नेंग-जोंग,
5-गोड़ जाति ने जन्म,मृत्यू,विवाह संस्कार,
6-जय सेवा मूल मंत्र का महत्व,

तिरु.पूरणमल ध्रुव(नेताम) जी( ब्लाक अध्यक्ष छ. ग गोंड़वाना संघ छुरा)

1-गोंडवाना शब्द का वर्णन,
2-गोंडवाना राज्य का राज चिन्ह,
3-सिक्के में पारी पहान्दी कुपार लिंगो का चित्र,
4-गांव में देवी देवताओं का प्राचीन नियम,
5-मंडलागढ़ के महत्व,
6-अंग्रेज शासन काल में गोड़ राजा का वर्णन,
7-बहुत पुराने इतिहास का सुंदर वर्णन किया गया,

तिरु. दिनेश कुमार मंडावी जी,नुवापाड़ा (उड़ीसा)

1-समाज में एकता का भाव,
2-समाज को नशा मुक्त बनाना,
3-बच्चों को निशुल्क कोचिंग एवं रोजगार,
4-जिला गरियाबंद से गो.ध.सं.स. से प्रभावित होकर उड़ीसा में भी धर्म संस्कृति स्थापित करना,

तिरु. दयानंद माझी जी (तहसीलदार) सीनापाली उड़ीसा

1-गोड़ शासन किला का वर्णन (अपने राज्यभाषा उड़िया में),
2-60+बुजुर्गजन गांव-गांव जाकर समाज को संदेश देना,
3-पर्यावरण का संरक्षण,

तिरुमाय-अंबिका मरकाम

1-मातृशक्तियों से प्रकृति धर्म सीखना, और समाज को संदेश देना,

तिरु. नोकचंद छेदैया जी

1-गोंड कल्चर को बचाना,
2-समाज कल्याण की भावना,
3-संगठन का महत्व, (उदाहरण-मधुमक्खी,लकड़ी का गट्ठा),
3-कोरोनाकाल खत्म होते ही, गांव-गांव जाकर धर्म संस्कृति से समाज को जोड़ना,

तिरु. दिलेश नेताम जी

उक्त कार्यक्रम को सफलपूर्वक संचालन एवं क्रमवध सभी को कार्यक्रम में जोड़कर रास्ता दिखाना,

इस प्रकार ऑनलाइन बैठक में सभी पदाधिकारियों ने अपने अपने विचार रखकर समाज को आगे बढ़ाने साथ ही शिक्षा व ज्ञान संस्कार एकता अखण्डता की चहुमुखी विकास करने पर जोर दिया गया ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *