केंद्र सरकार के डीएपी खाद के दाम में वृद्धि करना किसान विरोधी कदम : चंद्रप्रभा सुधाकर
बालोद / केंद्र सरकार द्वारा खाद के मूल्यों में बेतहाशा वृद्धि करने की कड़ी निंदा करते हुए जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष चंद्रप्रभा सुधाकर ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार किसान विरोधी सरकार है, संकट काल में भी आपदा को अवसर में बदलना भाजपा सरकार को अच्छी तरह से आता है। किसानी का दिन शुरू होने वाला है और ऐसे समय में खाद के दामों में 650₹ की वृद्धि करना किसानों के साथ धोखा है। 2020 – 21में खाद के दामों में वृद्धि इस तरीके से हुई है।
डीएपी 1200₹ से 1850₹ ,
पोटाश 875₹ से 1000₹,
सुपर फा 375₹ से 406₹ की वृद्धि कर दी गई है दूसरी ओर
धान का समर्थन मूल्य पतला 1835₹ से 1888₹,मोटा 1815₹ 1868 दिया जा रहा है।
धान के समर्थन मूल्य में लगभग ₹50 वृद्धि करना और डीएपी खाद के दाम में 650 ₹ प्रति बोरा वृद्धि करना भाजपा के किसान विरोधी चेहरे को दर्शाता है। किसानों को धान में ₹50 ज्यादा देकर ₹650 वसूली करना, यह है भाजपा का चाल- चरित्र- चेहरा।
हमेशा से ही भाजपा सरकार किसानों के साथ अन्याय करते आ रही है। किसानों की आय दोगुनी करने का झूठा आश्वासन देने वाले,आज खाद के दामों में वृद्धि करके उन्होंने साबित कर दिया कि उन्हें किसानों से कोई सरोकार नहीं है।
चंद्रप्रभा सुधाकर ने कहा कि जब से केंद्र में भाजपा की सरकार बनी है तब से लगातार किसानों के साथ छलावा किया जा रहा है पहले तीन कृषि कानून लाकर और अब किसानी के दिनों में खाद के दामों में वृद्धि करके। आखिर किसानों के साथ अन्याय कब तक!
केंद्र की भाजपा सरकार को छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार से सीख लेनी चाहिए।जो इस कोरोना काल के दौर में भी राजीव गांधी किसान न्याय योजना की पहली किस्त 21 मई को देने जा रही है, वही किसानों का जलकर भी माफ कर दिया है।
फोटो:- जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष ने घर के सामने धरना दिया
प्रदर्शन :-खाद की कीमतों में वृद्धि को लेकर कांग्रेस पदाधिकारियों ने अपने घर के सामने धरना दिया
