बेमेतरा।धान बिक्री के ऑनलाइन पंजीयन में हुए गड़बड़ी के सुधार व त्रुटि हुए किसानों का धान पूर्व वर्ष के रकबा अनुरूप खरीदी करने के लिए जिला पंचायत सभापति एवं प्रदेश संयोजक राहुल योगराज टिकरिहा ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी, कृषि मंत्री श्री रविंद्र चौबे जी, जिलाधीश श्री शिव अनंत तयाल जी को ज्ञापन देकर निवेदन किया।
सभापति राहुल टिकरिहा ने पत्र में लिखा है कि विषयान्तर्गत निवेदन है कि वर्ष 2020 में किसानों के धान खरीदी के लिए किए गए ऑनलाइन पंजीयन में किसानों का रकबा कम प्रदर्शित किया जा रहा है। मोटर पंप, मेड को कम करने के बाद भी रकबा जीतना है उतना से भी कम दिखा रहा है।
किसानों द्वारा लगातार पंजीयन की जानकारी लिया जा रहा है। लेकिन पंजीयन कम ही दिखा रहा है। किसान पंजीयन को सुधारने के लिए लगातार भटकते रहे और जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा किसी भी प्रकार की सुध नहीं ली गई है।
प्रशासनिक त्रुटि के चलते किसान भाई-बहनों के रकबा कम हो जाने से धान बेचने में किसान भाई-बहनों को बहुत समस्या उत्पन्न हो रही है। आज जब किसान अपना धान बेचने के लिए मंडी में जा रहे है तो उनका रकबा कम दिखा रहा है। ऐसे में किसानों के सामने धान बेचने के लिए विकट समस्या आ रही है।
अतः महोदय जी आपसे निवेदन है कि जिन किसानों का रकबा कम दिखा रहा है। उन सबका धान पूर्वावर्षानुसार के रकबा के आधार पर खरीदने की कृपा करें। महोदय जी इस पर संज्ञान लेते हुए त्वरित कार्यवाही हेतु उचित दिशा निर्देश प्रदान करने की कृपा करें।
केंद्र सरकार द्वारा पारित कृषि विधेयक बिल को लेकर प्रधानमंत्री और केंद्रीय कृषि मंत्री को भी लिखेंगे पत्र
जिला पंचायत सभापति राहुल टिकरिहा ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा पारित कृषि विधेयक बिल और MSP को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है। विभिन्न स्थानों व प्रदेशो में किसानों और किसान संगठनों द्वारा इस बिल का विरोध किया जा रहा है। जिससे ग्रामीण अंचल के किसान इस बिल का लाभ समझ नहीं पा रहे है और दिग्भ्रमित हो रहे है। जिसके लिए केंद्र सरकार से निवेदन करेंगे कि समर्थन मूल्य (MSP) को लेकर किसानों को लिखित आश्वासन प्रदान करें व इस बिल से किसानों को होने वाले लाभ की जानकारी ग्रामीण अंचल के किसानों दें।
वर्सन:-
जिले में लगातार विभिन्न समितियों से रकबा कटौती की शिकायतें प्राप्त हो रही है, इसे देखते हुवे किसानों से मिलकर आज जिलाधीश बेमेतरा को ज्ञापन सौंपा गया इसमें जल्द निराकरण नहीं होने की स्थिति में किसानों के साथ मिलकर उनके अधिकार के लिए आंदोलन किया जाएगा।- राहुल टिकरिहा
