उतई। कोविड-19 की महामारी के न कारण मई तक देश भर में लॉकडाउन रहा। इस कारण काम-काज व रोजगार सब कुछ बंद था। लेकिन इस संकट के दौर में निजी स्कूल संचालको ने विद्यार्थियों से लॉकडाऊन के दौरान स्कूल बंद होने के बाद भी पालकों पर फीस देने का मैसेज भेजा जा रहा है।
उतई नगर में संचालित कृष्णा पब्लिक स्कूल में भी पालकों को मोबाइल पर फीस के लिये मैसेज भेजा जा रहा है। गौरतलब हो कि इस स्कूल के पालकों द्वारा विगत माह पालक संघ का गठन किया गया। पालकों का लगातार बैठक का दौर भी चल रहा है। पालकों का प्रतिनिधि मंडल प्राचार्य प्राशी तिवारी से मिलकर अप्रेल एवं जून महीने की फीस माफ किये जाने और कोरोना संकट के कारण स्कूल बंद रहने की दशा में 50 प्रतिशत टयूशन फीस लेने की मांग किया गया था। जिस पर प्राचार्य द्वारा मेनेजमनेट से बात करने के बाद निर्णय लेने की बात कही गई थी। लेकिन पालकों के बात पर मैनेजमेंट द्वारा नही माना गया। जिसके बाद पालकों की दुबारा बैठक हुई । जिसमे पालकों ने नो स्कूल नो फीस की बात फिर से दुहराई। इस सप्ताह से स्कूल प्रबंधन द्वारा 12 सितंबर तक ट्यूशन फीस जमा करने का नोटिश पालकों के मोबाइल पर भेजा जा रहा है। फीस नही दिए जाने पर बच्चो को ऑनलाइन क्लास से वंचित किये जाने की बात भी लिखी गई है।
पालकों के मोबाइल में जैसे ही मैसेज आना शुरू हुआ उसके बाद पालकों की दुबारा बैठक आयोजित कर दुबारा प्राचार्य को अपनी मांगों को दुहराते हुए एक बार फिर से आवेदन देकर पुनः विचार करने का निवेदन पालकों द्वारा किया गया। पालकों की मांग है कि लॉकडाऊन के दौरान सभी लोगो का व्यापार, काम आदि बंद था जिसके कारण लोगो को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही इस दौरान स्कूल भी बंद था। इसलिये अप्रेल और जून के पूरा फीस माफ किया जाए और जब तक स्कूल नही खुलता 50 प्रतिशत ट्यूशन फीस ही लिया जाए। पालकों ने निवेदन किया है कि जब तक कोई सार्थक पहल नही होता तब तक को पालकों के ऊपर फीस को लेकर दबाव ना डालें।
पालक संघ के अध्यक्ष मनीष दास का कहना है कि जब लॉकडाऊन में स्कूल बंद था तो फिर फीस भी माफ होनी चाहिए। लेकिन स्कूल संचालक द्वारा अब पेरेंटस पर स्कूल फीस जमा करवाने का दवाब बना रहे हैं। यह अभिभावकों के लिए डबल मार से कम नहीं है। मौके पर प्रतिनिधि मंडल में पालक संघ अध्यक्ष मनीष दास, चिन्मय मुखर्जी,लक्ष्मी नारायण साहू,किशन हिरवानी, रूपेश पारख,ओमप्रकाश यादव, विमल कुमार, प्रेम मढ़रिया,जी एस वर्मा, शैलेंद्र कुमार, मुरलीधर साहू सहित अन्य उपस्थित थे।
