भिलाई। केन्द्र सरकार एवं राज्य सरकार द्वारा नवंबर 2004 से नवनियुक्त शासकीय कर्मचारियों के लिए बंद की गई पुरानी पेंशन को पुण: चालू करने की मांग उठने लगी है।
एसोसिएशन आफ इंजीनियरिंग एंड पोलीटेक्निक कालेज टीचर्स गजेटेड आफिसर्स आफ छत्तीसगढ़ के प्रांताध्यक्ष शंकर वराठे ने बताया कि, छत्तीसगढ़ अंशदायी पेंशन कर्मचारी कल्याण संघ के बैनर तले राज्य सरकार के अधिकारियों एवं कर्मचारियों हेतु पुरानी पेंशन योजना लागू करने की मांग प्रदेशाध्यक्ष राकेश कुमार सिंह के नेतृत्व में की जा रही है। इस मुहिम को एसोसिएशन ऑफ इंजीनियरिंग एंड पोलीटेक्निक कालेज टीचर्स गजेटेड आफिसर्स आफ छत्तीसगढ़ पूर्ण समर्थन देता है।
अवगत हो कि नवंबर 2004 के पूर्व नियुक्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना लागू है जिसमें शासकीय सेवकों को सेवानिवृत्ति पर 33 वर्ष की सेवा पूर्ण होने पर या अधिवार्षिकी पूर्ण होने पर
मूल वेतन का 50 प्रतिशत बैसिक एवं लागू महंगाई भत्ता पेंशन के रूप में देय होता है।
वर्ष 2004 के बाद लागू एन पी एस में प्राप्त अंशदान राशि से सेवानिवृत्ति पश्चात् कितनी पेंशन मिलेगी और कैसे निर्धारण किया जाएगा और कितनी पीएफ के रूप में राशि मिलेगी तय नहीं है। सेवा काल में एनपीएस राशि निकालना अत्यंत कठिन एवं जटिल है और स्पष्ट निर्देश नहीं होने के कारण कर्मचारियों में संशय है।
छत्तीसगढ़ अंशदायी पेंशन कर्मचारी कल्याण संघ द्वारा पुरानी पेंशन योजना लागू करने निरंतर प्रयास किया जा रहा है अतः छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के प्रांतीय संयोजक श्री कमल वर्मा जी के आव्हान पर एसोसिएशन पूर्ण समर्थन देता है।
