खबर हेमंत तिवारी,,,,,,, ✍️✍️✍️
राजिम/खाद्य एवं औषधि प्रशासन, छत्तीसगढ़ द्वारा नकली दवाओं की रोकथाम हेतु निरंतर निरीक्षण एवं सघन अभियान चलाया जा रहा हैं। इसी कड़ी में औषधि बेस्टो कॉफ ड्राई कॉफ फार्मूला जिसमे बैच नंबर, निर्माण तिथि एवं एक्सपायरी तिथि वर्णित नहीं था का नमूना संकलन औषधि निरीक्षक गरियाबंद द्वारा किया जाकर जाँच हेतु औषधि परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया था। जिसे जाँच उपरांत अमानक घोषित किया गया था।इस पर त्वरित कार्यवाही करते हुए औषधि के लेबल में लिखे गए निर्माता फर्म से संपर्क किया गया जिसमे यह पता चला कि यह दवाई लेबल लिखित निर्माता फर्म के द्वारा बनाया ही नहीं गया है।

जिससे दवाई के नकली होने की पुष्टि हुई है। इसकी विवेचना करते हुए कुलेश्वर मेडिकल एंड जनरल स्टोर्स के संचालक सीताराम साहू को औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 के प्रावधानों के अंतर्गत गिरफ्तार किया गया है। ,,,,सूत्रों की माने तो पूरे गरियाबंद जिले में केवल कुछ मेडिकल स्टोर में कार्यवाही होना काफी नहीं है।क्यों कि आज भी कई मेडिकल स्टोर अवैध रूप से संचालन हो रहा है।लाइसेंस किसी और का संचालन कोई और कर रहा है।आज भी कई मेडिकल में संचालक दवाई बिक्री की आड़ में मरीजों का इलाज कर रहा है।

और अमानक दवाई का बिक्री हो रहा है। खास कर गांव गांव में संचालित होने वाले मेडिकलो का यही हाल है।इक्के दुक्के कार्यवाही से व्यापक रूप में चल रहा यह कारोबार बन्द नहीं होने वाला है। न ही इस पर कोई अंकुश लगाने वाला है। वा इस प्रकार का विभागीय कार्यवाही केवल खानापूर्ति तक सीमित रह जाता है।
